पंच परिवर्तनों के साथ शताब्दी वर्ष में कार्य विस्तार करेगा संघ

आगरा। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की वार्षिक अखिल भारतीय कार्यकारी मण्डल की बैठक में देश में वर्तमान में चल रहे समसामयिक विषयों पर व्यापक चर्चा होगी। संघ अपनी स्थापना के शताब्दी वर्ष में पंच परिवर्तनों के साथ कार्य का विस्तार करेगा। आगरा। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की वार्षिक अखिल भारतीय कार्यकारी मण्डल की बैठक में देश में वर्तमान में चल रहे समसामयिक विषयों पर व्यापक चर्चा होगी। संघ अपनी स्थापना के शताब्दी वर्ष में पंच परिवर्तनों के साथ कार्य का विस्तार करेगा।

Oct 23, 2024 - 20:23
 0  119
पंच परिवर्तनों के साथ शताब्दी वर्ष में कार्य विस्तार करेगा संघ

संघ की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक मथुरा स्थित गऊग्राम परखम के दीनदयाल उपाध्याय गौ विज्ञान एवं अनुसंधान केंद्र पर 25 एवं 26 अक्टूबर को आयोजित हो रही है।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने बताया कि यह बैठक प्रतिवर्ष इन्हीं दिनों में दीपावली के पूर्व संपन्न होती है। उन्होंने बताया कि बैठक में विजयादशमी के पावन पर्व पर सरसंघचालक द्वारा प्रस्तुत विचारों तथा उनके उदबोधन में उल्लेखित महत्वपूर्ण विषयों के अनुवर्तन हेतु योजनाओं तथा देश में वर्तमान समय चल रहे समसामयिक विषयों पर व्यापक चर्चा होगी। 

उन्होंने बताया कि बैठक में मार्च 2024 में सम्पन्न हुई अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में निर्धारित वार्षिक योजना की समीक्षा तथा संघ कार्य के विस्तार का वृत्तांत भी लिया जाएगा। बैठक में विशेष कर संघ शताब्दी निमित्त सुनिश्चित संगठनात्मक लक्ष्यों को विजयादशमी 2025 तक पूर्ण करने के संबंध में विचार-विमर्श होगा।

सुनील आंबेकर ने बताया कि अगली विजयादशमी पर संघ स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण हो जाएंगे। संघ के शताब्दी वर्ष में कार्य विस्तार की योजना सहित अभी तक किए गए कार्यो की समीक्षा भी इस बैठक में होगी। आगामी विजयादशमी पर्व स्वयंसेवकों के लिए महत्वपूर्ण है और नागपुर सहित देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित होंगे, इस निमित्त भी बैठक में व्यापक चर्चा होगी। 

शताब्दी वर्ष के निमित्त व्यापक संपर्क, साहित्य वितरण तथा कार्यक्रम किए जाएंगें। बैठक में अपने-अपने प्रांतो में किये गये कार्यों के बारे में चर्चा होगी। 

उन्होंने बताया कि इस बार विजयादशमी पर संरसंघचालक ने अपने संबोधन में कई विषयों की ओर ध्यान दिलाया है। बैठक में इंटरनेट का समाज और बालक वर्ग पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव के बारे में भी चर्चा की जायेगी।  समाज में शान्ति का भाव, परस्पर सौहार्द और संघ कार्य की आने वाले दिनों में होने वाली व्याप्ति आदि विषयों पर चर्चा होगी। समाज संगठन की व्याप्ति की चर्चा की जाएगी। 

इसके अलावा महर्षि दयानन्द सरस्वती, भगवान बिरसामुंडा, पुण्यश्लोका अहिल्याबाई होल्कर, रानी दुर्गावती, साथ ही झारखण्ड में अनुकूल चन्द ठाकुर द्वारा चलने वाले ‘‘सतसंग’’ आदि विषयों पर कार्यक्रमों के बारे में चर्चा होगी। शताब्दी वर्ष में सरसंघचालक मोहन भागवत द्वारा पंच परिवर्तन सामाजिक समरसता, कुटुम्ब प्रबोधन, पर्यावरण, ‘स्व’ आधारित जीवन शैली और नागरिक कर्तव्य को समाज में लेकर जाने की चर्चा की गयी है, उसे भी संघ समाज में ले जाने का कार्य करेगा। 

उन्होंने बताया कि बैठक में अखिल भारतीय कार्यकारी मण्डल में संघ रचना के सभी 46 प्रांतों के प्रांत एवं सह संघचालक, कार्यवाह तथा प्रचारक अपेक्षित रहते हैं। बैठक में सरसंघचालक डॉ. मोहन जी भागवत, सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबोले तथा सह सरकार्यवाह डा. कृष्ण गोपाल, डा. सीए मुकुन्दा, अरूण कुमार, रामदत्त चक्रधर, आलोक कुमार और अतुल लिमये एवं अन्य अखिल भारतीय कार्य विभाग प्रमुख एवं कार्यकारिणी के सदस्यों सहित 393 कार्यकर्ता उपस्थित रहेंगे।

इस दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र संघचालक सूर्यप्रकाश टोंक, अखिल भारतीय सह प्रचार प्रमुख नरेन्द्र ठाकुर और प्रदीप जोशी, क्षेत्र प्रचार प्रमुख पदम सिंह, सह प्रांत प्रचार प्रमुख कीर्ति कुमार उपस्थित रहे।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow