aurguru news : हावड़ा में छात्रों पर पानी की बौछार, लाठीचार्ज, ममता से इस्तीफे की मांग
कोलकाता। 8-9 अगस्त की रात यहां के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर से रेप-मर्डर के विरोध में आज छात्र और मजदूर संगठन नबन्ना तक मार्च कर रहे हैं। नबन्ना पश्चिम बंगाल सरकार का सचिवालय है, जहां मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और सभी मंत्री और अफसर बैठते हैं। पश्चिम बंग छात्र समाज और संग्रामी जौथा मंच नबन्ना अभिजन रैली कर रहे हैं। इन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के इस्तीफे की मांग की है। ये कॉलेज स्क्वॉयर, संतरागाछी और हावड़ा मैदान में जुटे। वहां से छात्रों का एक बड़ा समूह कोलकाता की ओर बढ़ा लेकिन पुलिस ने हावड़ा ब्रिज के पास उन्हें रोकने की कोशिश की। ब्रिज को बंद करने के लिए पुलिस ने एक लोहे की दीवार खड़ कर दी थी, जिसे नाराज छात्रों ने तोड़ दिया। इस पर पुलिस ने पहले वाटर कैनन से पानी की बौछार की और बाद में लाठीचार्ज किया। इसमें कुछ छात्रों के घायल होने की सूचना है। पुलिस ने हिंसा का हवाला देते हुए रैली को गैरकानूनी बताया है। प्रदर्शनकारियों को नबन्ना जाने से रोकने के लिए सात रूट पर तीन लेयर में छह हजार फोर्स तैनात है। 19 पॉइंट्स पर बैरिकेंडिंग और 21 पॉइंट्स पर डीसीपी तैनात किए गए थे। प्रशासन ने हावड़ा से कोलकाता को जोड़ने वाला हावड़ा ब्रिज को बंद कर दिया था। मार्च की निगरानी के लिए ड्रोन की मदद ली जा रही है। वॉटर कैनन, वज्र वाहन और क्विक रिस्पॉन्स टीम टीम भी तैनात है। पुलिस ने छात्रों के खिलाफ जो कार्रवाई की है, उससे लोगों में गुस्सा और भड़क गया है। हावड़ा ब्रिज को बंद करने से सड़क के दोनों ओर पुलिस की गाड़ियां खड़ी हैं। इससे ऑफिस जाने वाले लोगों को भी परेशानी हो रही है। प्रदर्शनकारियों को सचिवालय की ओर नहीं जाने दिया जा रहा है

पुलिस ने हिंसा का हवाला देते हुए रैली को गैरकानूनी बताया है। प्रदर्शनकारियों को नबन्ना जाने से रोकने के लिए सात रूट पर तीन लेयर में छह हजार फोर्स तैनात है। 19 पॉइंट्स पर बैरिकेंडिंग और 21 पॉइंट्स पर डीसीपी तैनात किए गए थे। प्रशासन ने हावड़ा से कोलकाता को जोड़ने वाला हावड़ा ब्रिज को बंद कर दिया था। मार्च की निगरानी के लिए ड्रोन की मदद ली जा रही है। वॉटर कैनन, वज्र वाहन और क्विक रिस्पॉन्स टीम टीम भी तैनात है। पुलिस ने छात्रों के खिलाफ जो कार्रवाई की है, उससे लोगों में गुस्सा और भड़क गया है।
हावड़ा ब्रिज को बंद करने से सड़क के दोनों ओर पुलिस की गाड़ियां खड़ी हैं। इससे ऑफिस जाने वाले लोगों को भी परेशानी हो रही है। प्रदर्शनकारियों को सचिवालय की ओर नहीं जाने दिया जा रहा है